दिलशाद गार्डन की खौफनाक कहानी, भाई-बहन की रहस्यमयी मौत
नई दिल्ली
दिल्ली के शाहदरा ज़िले के दिलशाद गार्डन इलाके में उस समय हड़कंप मच गया जब एक फ्लैट के अंदर से दुर्गंध आने पर पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची सीमापुरी थाना पुलिस और दमकल विभाग ने दरवाजा तोड़कर अंदर का नज़ारा देखा तो सभी सन्न रह गए। कमरे के भीतर भाई-बहन की सड़ी-गली हालत में लटकी हुई लाशें मिलीं।
मृतकों की पहचान वीरेश कुमार तोमर (32) और प्रीति उर्फ चिंकी (30) के रूप में हुई है। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। डीसीपी प्रशांत गौतम के अनुसार, मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है और मौत के असल कारणों का खुलासा पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के बाद ही हो सकेगा।
तीन दिन से कमरे में बंद थे दोनों
स्थानीय निवासी अशोक सिंह ने बताया कि रविवार सुबह करीब 7:30 बजे बदबू काफी तेज हो गई थी, जिसके बाद उन्होंने पुलिस को सूचित किया। जांच में पता चला कि फ्लैट के बाहर पिछले तीन दिन से अखबार पड़े हुए थे, जिससे संदेह होता है कि घटना तीन दिन पहले की हो सकती है।
पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। शवों पर किसी तरह के चोट के निशान नहीं मिले हैं, और दरवाजा अंदर से बंद था।
पांच साल से रह रहे थे दिलशाद गार्डन में
वीरेश और प्रीति मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बागपत के रहने वाले थे और 2021 से दिल्ली के दिलशाद गार्डन के D-409 फ्लैट में रह रहे थे। इससे पहले वे झिलमिल में रहते थे। पड़ोसियों के अनुसार दोनों बहुत कम मिलते-जुलते थे और अधिकतर समय घर में ही रहते थे। उनका सामाजिक दायरा बेहद सीमित था।
परिवार के रिश्तेदार विकास तोमर ने बताया कि वीरेश एक प्राइवेट आईटी कंपनी में काम करता था, जबकि प्रीति एमबीए की पढ़ाई कर रही थी। दोनों ने समाज या परिवार से दूरी बना रखी थी। रिश्तेदारों के अनुसार, पिछले 10-12 वर्षों से इनका पारिवारिक संपर्क भी काफी सीमित था।
शादी और सामाजिक दूरी पर सवाल
रिश्तेदारों ने बताया कि वीरेश की मां की मृत्यु 2021 में हुई थी, जबकि उनके पिता की मौत 2011 में ही हो गई थी। इसके बाद दोनों दिल्ली शिफ्ट हो गए थे। परिवार ने प्रीति की शादी की बात भी की थी, लेकिन उसने पढ़ाई के नाम पर इनकार कर दिया था।
पड़ोसी अशोक ने बताया कि उन्होंने लड़की को सिर्फ दो-तीन बार खिड़की से देखा था, जब वह खाना बना रही थी। अधिकतर वे लोग बाहर से ऑनलाइन सामान मंगवाते थे।
पुलिस की जांच जारी
फिलहाल सीमापुरी थाना पुलिस सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के बाद ही यह साफ हो सकेगा कि मामला आत्महत्या का है या किसी और वजह से यह दर्दनाक घटना घटी।
